पीएमइंडिया
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में बाह्य अंतरिक्ष के शांतिपूर्ण उपयोग में सहयोग पर भारत और अफगानिस्तान के बीच समझौता ज्ञापन करने के लिए अपनी पूर्व कार्योत्तर स्वीकृति दे दी है।
यह समझौता ज्ञापन शिक्षा, कृषि, मौसम की भविष्यवाणी, दूरसंचार, ग्रामीण स्वास्थ्य, स्वच्छता, शहरी विकास, संसाधन मानचित्रण (रिसोर्स मैपिंग) नेविगेशन, रिमोट सेंसिंग और आपसी सहमति के अन्य क्षेत्रों में अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी के उपयोग के लिए दोनों देशों के बीच सहयोग की परिकल्पना करता है।
इस समझौता ज्ञापन से निम्नलिखित तरीके से दोनों देशों को फायदा होगा:
· अफगानिस्तान में अंतरिक्ष क्षेत्र का विकास;
· एक उन्नत अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी वाले ऐसे राष्ट्र के रूप में भारत की साख को चमकाएगा, जो दूसरे देशों की सहायता करता है;
· अफगानिस्तान अंतरिक्ष के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की ओर कदम बढ़ाएगा;
· भारत और अफगानिस्तान के बीच द्विपक्षीय संबंधों, आपसी समझ और विश्वास को गहरा करने में मददगार होगा;
· अफगानिस्तान के सामरिक और संचार क्षेत्र में भारत को पैर जमाने का अवसर प्रदान करेगा;
इसके अलावा, यह समझौता ज्ञापन दोनों देशों में साइंस एवं प्रौद्योगिकी और अनुसंधान एवं विकास के मुख्य क्षेत्र तथा इनके कार्यान्वयन के क्षेत्र में भी उच्च तकनीक वाली नौकरियों को बढ़ावा देगा। मोबाइल और इंटरनेट आधारित एप्लीकेशन तथा वाणिज्य के युग में बेहतर संचार और इंटरनेट कनेक्टिविटी के विविध क्षेत्रों में भी नौकरियों के सृजन को बढ़ावा मिलेगा।