पीएमइंडिया
प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने सीईआरटी-इन भारत और सीईआरटी-ब्रिटेन के बीच समझौता ज्ञापन की जानकारी दी। इस पर इंडियन कंप्यूटर इमर्जेंसी रिस्पॉन्स टीम(सीईआरटी-इन) और ब्रिटेन के मिनिस्ट्री ऑफ कैबिनेट ऑफिस ने 20 मई 2016 को हस्ताक्षर किए गए थे।
इस समझौते से सुरक्षा संबंधी घटनाओं और उसे रोकने के उपायों को लेकर दोनों देशों के बीच आपसी सहयोग, ज्ञान का आदान प्रदान बढ़ेगा तथा अनुभव साझा किए जा सकेंगे।
प्रधानमंत्री नवंबर 2015 में ब्रिटेन की यात्रा पर गए थे उस दौरान बातचीत में साइबर सुरक्षा एक मुख्य एजेंडा था। इस समझौता ज्ञापन से इसमें शामिल देश साइबर हमले को लेकर तकनीकी सूचना का आदान प्रदान करेंगे। साथ ही ये देश इससे संबंधित घटनाओं पर प्रतिक्रिया और इसके समाधान में सहयोग प्रदान करेंगे। इसके तहत साइबर हमलों को रोकने के लिए नीतियों का आदान प्रदान भी किया जा सकेगा। इस समझौता ज्ञापन से दोनों देशों के बीच साइबर सुरक्षा को मजबूत बनाया जा सकेगा। इस क्षेत्र में क्षमता बढ़ने से इनके रिश्तों में भी सुधार होगा।
इससे पहले सीईआरटी-इन को लेकर सात देशों कोरिया, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया, मलेशिया, सिंगापुर, जापान और उजबेस्किस्तान के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए थे। विदेश मामलों के मंत्रालय ने इसी तरह के एक समझौते पर शंघाई कॉपरेशन ऑर्गेनाइजेशन के साथ हस्ताक्षर किया है।