इस ट्रेड डील पर साइन होने से भारत और EU दोनों को काफी फायदा होगा। भारतीय फार्मास्युटिकल और बायोटेक्नोलॉजी कंपनियों के लिए, यह हाई क्वालिटी, लाइफ सेविंग दवाओं तक पहुंच बढ़ाने का एक बड़ा अवसर है, जिससे वे पूरे EU में मरीजों की एक बड़ी आबादी के लिए ज्यादा किफायती हो जाएंगी।