यह बजट जल संरक्षण, नदी पुनर्जीवन, सिंचाई विस्तार, स्वच्छता तथा हर घर तक सुरक्षित पेयजल की राष्ट्रीय प्रतिबद्धता को नई गति प्रदान करेगा और सशक्त जल शक्ति के माध्यम से समृद्ध एवं आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर सिद्ध होगा।