प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यकाल में, भारत को एक आर्थिक ताकत के रूप में देखा जा रहा है जिसको अभी अपनी पूरी क्षमता हासिल करनी है। करीब 2 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्ता के प्रदर्शन को पूरी दुनिया देख रही है। प्रधानमंत्री ने भारत में आईटी सेक्टर को बढ़ावा देने के लिए कई प्रौद्योगिकी आधारित पहलों की भी शुरुआत की है। लाल किले पर अपने संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री ने ग्रामीण-शहरी विभाजन को पाटने के लिए प्रौद्योगिकी के महत्व पर बल दिया था। उन्होंने कनेक्टिविटी और पूरे देश में 6 लाख किलोमीटर के "ब्रॉडबैंड राजमार्ग" के निर्माण का आगाज किया था। प्रधानमंत्री के पसंदीदा परियोजनाओं में से एक डिजिटल इंडिया के तहत सभी ग्राम पंचायतों में आन्तरिक उपयोगिता के आधार पर प्रत्येक नागरिक को डिजिटल बुनियादी सुविधाओं के रूप में तेज गति के इंटरनेट सुनिधाएं उपलब्ध कराने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। भारत सरकार के प्रमुख पहलों में से एक स्टैंड-अप इंडिया के तहत देश में स्टार्टअप्स को बढ़ावा देने के लिए माहौल तैयार किया गया। प्रधानमंत्री खुद सीधे तौर पर ‘स्टार्ट-अप इंडिया स्टैंड-अप इंडिया’ जैसे स्टार्टअप्स रुचि ले रहे हैं, ऐसे में हम एक अर्थव्यवस्था और माहौल में सकारात्मक प्रभाव की उम्मीद कर सकते हैं।