बजट में भारत के मैन्युफैक्चरिंग और MSME सेक्टर पर साफ़ भरोसा दिखता है। इंडस्ट्रियल क्लस्टर्स को फिर से शुरू करने, एक खास फंड के ज़रिए बढ़ते SMEs को सपोर्ट करने और सप्लाई चेन को मज़बूत करने पर ध्यान देने से बिज़नेस ज़्यादा मज़बूत और कॉम्पिटिटिव बनेंगे।