हरीश आहूजा, चेयर, फिक्की फॉरन ट्रेड एंड ट्रेड फैसिलिटेशन कमिटी
इंडिया-यूके एफटीए पर हस्ताक्षर दोनों देशों के बीच आर्थिक संबंधों को मजबूत करने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। यह समझौता भारत केनिर्यात प्रतिस्पर्धात्मकता को बढ़ावा देगा, विशेष रूप से टेक्सटाइल और अपैरल सहित श्रम-प्रधान क्षेत्रों में। माननीय प्रधानमंत्री के नेतृत्व में यह ऐतिहासिक उपलब्धि घरेलू मैन्युफैक्चरिंग इंडस्ट्री के लिए नई संभावनाओं का सृजन करेगी, निर्यात वृद्धि को गति देगी और ग्लोबल वैल्यू-चैन में भारत के इंटीग्रेशन को और गहरा करेगी।